| प्रमुख उद्देश्य
1- केन्द्र एवं राज्य की वृहत् परियोजनाओं को कम समय
एवं न्यूनतम लागत पर आधारित, उच्च विकसित तकनीकि, अच्छे एवं
अभिनव प्रयोगों के माध्यम से अधिकतम प्रगति स्तर प्राप्त
करना ।
2- 20 सूत्री कार्यक्रम एवं प्रदेश सरकार की उच्च प्राथमिकता वाले
कार्यक्रमों एवं अन्य कार्यक्रमों के सामाजिक आर्थिक विकास के सन्दर्भ
में क्रियान्वयन एवं समुचित /प्रभावी अनुश्रवण करना ।
|
|
कार्यक्रम कार्यान्वयन विभाग में भारत
सरकार द्वारा निर्धारित 20 सूत्री कार्यक्रमों एवं राज्य
सरकार के उच्च प्राथमिकता प्राप्त विकास कार्यक्रमों के
अनुश्रवण, समीक्षा एवं मूल्याँकन का कार्य मुख्यत:
सम्पादित किया जाता है। राज्य सरकार द्वारा संचालित
विभिन्न विकास योजनाओं, टास्क फोर्स अथवा वरिष्ठ अधिकारियों
के निरीक्षण दलों द्वारा स्थलीय सत्यापन तथा उससे
सम्बन्धित निरीक्षण रिपोर्टों का अनुवर्ती अनुपालन
सुनिश्चित करने की कार्यवाही भी कार्यक्रम कार्यान्वयन
विभाग द्वारा की जाती है। विभाग में उच्च प्राथमिकता
प्राप्त विकास कार्यक्रमों के प्रभावी अनुश्रवण एवं
मूल्यॉकन के अतिमहत्वपूर्ण कार्य के सन्दर्भ में विभिन्न
प्रपत्रों को तैयार करके उन्हें जनपदों मण्डलों एवं जोनल
अधिकारियों को भेजकर सूचनाएँ मंगायी जाती हैं तथा प्राप्त
सूचनाओं को संकलित कर समीक्षोपरान्त मूल्याँकन आख्या उच्च
स्तर पर आदेशार्थ प्रस्तुत की जाती है। विभाग द्वारा उच्च
प्राथमिकता प्राप्त विकास कार्यक्रमों, शासकीय कार्य,
कानून व्यवस्था, मण्डलीय टास्क फोर्स के निरीक्षण के
अनुक्रम में राज्य एवं मण्डल स्तरीय समीक्षा बैठके आयोजित
करने के साथ ही इन बैठकों में लिये गये निर्णयों एवं
तद्नुक्रम में जारी निर्देशों के अनुपालन की कार्यवाही तथा
20 सूत्री कार्यक्रमों का समेकित रूप से अनुश्रवण किया जाता
है।
|